Air Pollution in Delhi LIVE Report: दिल्ली फिर बना दुनिया का सबसे प्रदूषित शहर, NCR के शहरों का भी बुरा हाल

0
17

नई दिल्ली। Delhi Air Pollution 2019 Report LIVE: दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। इस बीच जारी रिपोर्ट में कहा गया है कि शुक्रवार को एक बार फिर दिल्ली दुनिया का सबसे प्रदूषण शहर बन गया है तो इससे सटे शहरों नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद का हाल भी बदहाल है।

वहीं, इस बीच दिल्ली में सत्तासीन आम आदमी पार्टी (Aam Aadmi Party) सरकार के मुखिया सीएम अरविंद केजरीवाल ने पत्रकार वार्ता में कहा कि दो दिन के दौरान प्रदूषण में कमी आने के आसार हैं। ऐसे में Odd-Even Scheme बढ़ाने पर फैसले सोमवार को लिया जाएगा। अगर जरूरत हुई तभी स्कीम को बढ़ाया जाएगा।

शुक्रवार को भी दिल्ली के साथ नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम, फरीदाबाद समेत दर्जनभर शहरों में प्रदूषण बेहद खराब श्रेणी में है। दिल्ली के पूसा रोड में 777 और अशोक विहार में एयर क्वालिटी इंडेक्स 757 है, तो ओखला 722 है। इसके अलावा, जवाहर लाल नेहरू स्टेडियम के पास 733 और आरकेपुरम में 628 है। इस बीच खबर आ रही है कि दिल्ली सरकार बढ़ते प्रदूषण के मद्देनजर odd-Even Scheme को अगले कुछ दिनों तक बढ़ाने का एलान कर सकती है।

वायु गुणवत्ता सूचकांक (Air Quality Index) के मुताबिक, दिल्ली के लोधी रोड इलाके में पीएम 2.5 और पीएम 10 का स्तर 500 बना हुआ है, जो लोगों के स्वास्थ्य के लिए बेहद खतरनाक है। वहीं, दिल्ली के कुछ इलाकों में एयर क्वालिटी इंडेक्स 700 के पार चला गया है।

देश में सबसे प्रदूषित शहर गाजियाबाद व नोएडा

जिला प्रशासन व उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (यूपीपीसीबी) ने प्रदूषण फैला रहे रेलवे, एनएचएआइ व एक बिल्डर पर 2.14 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया है। शहर स्मॉग का चैंबर बना हुआ है। इसलिए निर्माण कार्य पर रोक है। इसके बावजूद सरकारी व निजी कार्यदायी संस्थाएं निर्माण कार्य जारी रखकर प्रदूषण फैला रही हैं।

केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के आंकड़े देखे जाएं तो गाजियाबाद और नोएडा में प्रदूषण का स्तर मानक से पांच से छह गुना अधिक है। प्रदूषण के स्तर को कम करने के लिए प्रशासन व यूपीपीसीबी लगातार कार्रवाई कर रहा है। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी उत्सव शर्मा के मुताबिक, बृहस्पतिवार को प्रदूषण फैलाने पर रेलवे पर 11 लाख रुपये, सिद्धार्थ विहार में बिल्डर एपेक्स दा क्रेमलिन पर एक करोड़ एक लाख रुपये रुपये, दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस वे का निर्माण कर रहे एनएचएआइ के ठेकेदार एपको कंपनी पर एक करोड़ एक लाख रुपये का जुर्माना लगाने के साथ साइट पर काम कर रहे नौ लोगों को गिरफ्तार भी किया गया है। वहीं, एनएचएआइ पर भी एक लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है।

वहीं, बढ़ते प्रदूषण को लेकर दिल्ली हाई कोर्ट ने गुरुवार को सभी एजेंसियों को जमकर फटकार लगाई। जनहित याचिका पर न्यायमूर्ति जीएस सिस्तानी व एजे भंभानी की पीठ ने कहा कि अदालत के पूर्व के आदेशों का अनुपालन किया गया होता तो दिल्ली आज इतनी प्रदूषित नहीं होती।